कृषि के बाद सबसे अधिक रोजगार की संभावनाएँ एमएसएमई क्षेत्र में:-मण्डलायुक्त
** झांसी को औद्योगिक मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने के लिए रोडमैप तैयार करने की जरूरत:- जिलाधिकारी
** एमएसएमई का वेंडर डेवलपमेंट कार्यक्रम बुंदेलखण्ड के उद्यमियों के लिए वरदान:- अध्यक्ष, बुंदेलखंड चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री
** कार्यक्रम में एचईएल कानपुर, ऐल्मिको कानपुर, बीएचईएल, एनटीपीसी, एनसीआर, सिडबी ने अपने उत्पादों सेवाओं का किया प्रदर्शन
आज एमएसएमई-विकास कार्यालय, कानपुर, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय,भारत सरकार द्वारा एवं बुंदेलखंड चैम्बर आफ कॉमर्स के सहयोग से आयोजित दो दिवसीय वेण्डर डेवलपमेंट कार्यक्रम (दिनांक 02 एवं 03 सितम्बर, 2026) का आज दिनांक 02 सितम्बर, 2026 को स्थान-लेमन ट्री होटल, स्टेशन रोड, झाँसी में मुख्य अतिथि श्री बिमल कुमार दुबे, आई.ए.एस. मण्डलायुक्त, झाँसी द्वारा उद्घाटन किया गया। कार्यक्रम में सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों/विभागों/ बैंकों/एमएसएमई इकाइयों ने 15 से अधिक स्टाल लगाकर अपने उत्पादों/सेवाओं का प्रदर्शन किया।
श्री विष्णु कुमार वर्मा, निदेशक, एम.एस.एम.ई. विकास कार्यालय, कानपुर ने कार्यक्रम में पधारे राज्य सरकार एवं केन्द्र सरकार के वरिष्ठ अधिकारीगण एवं श्री सुधांशु तिवारी, संयुक्त आयुक्त उद्योग, झाँसी क्षेत्र, श्री आलोक श्रीवास्तव, सहायक निदेशक, फियो, कानपुर तथा समस्त गणमान्य व्यक्तियों का कार्यक्रम में पधारने के लिए हार्दिक स्वागत एवं अभिनन्दन किया।
तत्पश्चात् संस्थान की कार्य-विधि का विवरण एवं इस कार्यक्रम के उद्देश्य की जानकारी प्रदान की जिसमें उन्होंने यह अवगत कराया कि इस कार्यक्रम से एम.एस.एम.ई.इकाइयों तथा सरकारी एवं सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों के पारस्परिक सहयोग से एकदूसरे की आवश्यकता की पूर्ति की जा सकती है। वृहद उद्योग स्थानीय स्तर पर सूक्ष्म एवं लघु उद्योग इकाइयों से प्रतियोगी दर पर उनके उत्पादों को क्रय कर सकंेगे। श्री वर्मा ने भारत सरकार द्वारा लागू पब्लिक प्रोक्योरमेन्ट पॉलिसी के बारे में चर्चा करते हुए बताया कि आने वाले समय में सरकारी एवं सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों अपनी कुल खरीद का 25% सूक्ष्म एवं लघु उद्योग इकाइयों (4% अनुसूचित जाति/जनजाति वर्ग एवं 3% महिला उद्यमियों द्वारा स्थापित इकाइयों) से खरीदना आवश्यक होगा।
इस वेण्डर कार्यक्रम में एचएएल, कानपुर, एलम्किो, कानपुर, बीएचईएल, एनटीपीसी, एनसीआर, सिडबी आदि ने अपने उत्पादों/सेवाओं का प्रदर्शन किया। कल दिनॉक 03 सितम्बर, 2026 को क्रेता-विक्रेता सम्मेलन व तकनीकी सत्रों के लिए विशेष कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए श्री धीरज खुल्लर, अध्यक्ष, बुन्देलखण्ड चैम्बर ऑफ कामर्स एण्ड इण्डस्ट्री, झाँसी ने अपने सम्बोधन में कहा कि एमएसएमई का वेण्डर डेवलपमेण्ट कार्यक्रम बुन्देलखण्ड क्षेत्र के उद्यमियों के लिए बहुत लाभकारी होगा और आत्मनिर्भर भारत की संकल्पना को चरितार्थ करेगा।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री बिमल कुमार दुबे, आई.ए.एस. मण्डलायुक्त, झाँसी ने अपने सम्बोधन में कहा कि वैश्विक अर्थव्यवस्था बेहतर हो रही है और जिसकी दर 7.6 है। उन्होंने वोकल फॉर लोकल पर भी जोर देते हुए कहा कि कृषि के बाद सबसे अधिक रोजगार की सम्भावनाए एमएसएमई क्षेत्र में हैं। भारत का निर्यात लगभग 48 प्रतिशत है। सार्वजनिक खरीद नीति में सीपीएसयू व सरकार सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों से 25 प्रतिशत तक खरीद अनिवार्य है। मंडलायुक्त ने अवगत कराया कि आज ही मणिकमंत्री जी द्वारा प्रदेश में यूपी आउटसोर्सिंग सेवा निगम का गठन किय। जिसमें लगभग 16 लाख कर्मचारियों की सुरक्षा और 20 लाख परिवारों को सुरक्षा दी जाएगी। हाई टेक्नालॉजी सेक्टर का विकास किया जाएगा। सौर ऊर्जा क्षेत्र में बुन्देलखण्ड में 275 मेगावाट, झाँसी में 250 मेगावाट एवं ललितपुर में 200 मेगावाट का उत्पादन हो रहा है। प्रदेश सरकार बुंदेलखंड के विकास के लिए प्रतिबद्ध है और इस दिशा में सार्थक प्रयास कर रही है।
आयोजित कार्यक्रम में श्री गौरांग राठी, (आई.ए.एस.) जिलाधिकारी, झाँसी ने अपने सम्बोधन के दौरान कहा कि एमएसएमई विकास कार्यालय द्वारा आयोजित इस तरह के कार्यक्रमों के माध्यम से वेण्डर और बाजार के बीच अन्तर को कम किया गया है। झाँसी को औद्योगिक हब बनाने के लिए रोड मैप तैयार किया जा चुका है । बुंदेलखंड को मैन्यूफैक्चरिंग का हब बनानना सरकार का एक लक्ष्य है।
श्री प्रवीण वर्मा, आई.ए.एस. एडिशनल सीईओ, बीडा, झाँसी ने पब्लिक प्रोक्योरमेण्ट पॉलिसी के बारे में और जेम पंजीकरण प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी। एमएसएमई बैंक लोन से देश में जीडीपी, रोजगार एवं उत्पादकता बढ़ेगी, मार्केट से जुड़ाव होगा। झाँसी के पास एक नया औद्योगिक शहर बसाया जाएगा जिससे 6 लाख लोगों को रोजगार मिलेगा। 28 हजार एकड जमीन खरीदी जा चुकी है। पर्यावरण विभाग से मंजूरी मिल गयी है। 32% से 33% भाग उद्योगों के लिए आरक्षित है। उद्देश्य इस शहर के लोग रह सकें और उन्हें काम मिल सके। 25% से 30% भाग में ग्रीन कॉरीडोर रहेगा। संसाधन और कनेक्टीविटी बेहतर होगी। बुन्देलखण्ड से जोड़ा जाएगा।
श्री हिमांशू गौतम, आई.ए.एस., उपाध्यक्ष, झाँसी विकास प्राधिकरण, झाँसी ने कहाकि उ0प्र0 सरकार व भारत सरकार के विकसित भारत बनाने के सपने को साकार करना है। भारत की अर्थव्यवस्था को और मजबूत बनाना है। डिफेन्स कॉरीडोर में भी झाँसी विकास प्राधिकरण का सहयोग है। 1200 एकड़ का हाऊसिंग प्रोजेक्ट बनना है जिससे बुन्देलखण्ड इण्डस्ट्री को और बढ़ावा मिलेगा साथ ही यह MSME के लिए भी लाभाकारी होगा।
श्री बी.आर.मीणा, उप मुख्य सामग्री प्रबन्धक, उत्तर रेलवे ने अपने विभाग से सम्बन्धित वेण्डर पंजीकरण के बारे में जानकारी प्रदान की ।
श्री सुधांशु तिवारी, संयुक्त आयुक्त उद्योग, कानपुर ने अपने उद्बोधन में उन्होंने उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के बारे में विस्तार से उद्यमियों/विक्रेताओं को बताया जिससे उद्यमी लाभ लेकर अपने उत्पादों को कम लागत में उच्च गुणवत्तायुक्त बनाकर बाजार में उपलब्ध करा सकते हैं।
श्री संजय जायसवाल, प्रबन्धक, एलिम्को, कानपुर ने अपने सम्बोधन में कहाकि आप सभी विक्रेताओं को कम लागत एवं उच्च गुणवत्तायुक्त उत्पाद बनाकर एलिम्को जैसे संस्थानों में आपूर्ति कर आत्मनिर्भरता की ओर कदम बढ़ायें।
श्री आलोक श्रीवास्तव, सहायक निदेशक, फियो, कानपुर ने अपने सम्बोधन से अनुरोध किया कि वे निर्यात के लिए अग्रसर हों और विदेशाी मुद्रा भण्डार में बढ़ोत्तरी कर देश की प्रगति में अपना योगदान करें।
श्री संजय कचरू, डीजीएम, सिडबी ने ऋण संबंधित प्रक्रियाओं के बारे में प्रकाश डालते हुए कहा कि यदि आप ईमानदारी से कोई व्यवसाय करना चाहते हैं तो आपके प्रोजेक्ट अच्छे होने चाहिए जिसके फलस्वरूप बैंक आपको ऋण देने में सहज महसूस कर सके।
तकनीकी सत्र के दौरान वेण्डर रजिस्टेªशन प्रक्रिया एवं खरीद प्रक्रिया के बारे में विस्तार से जानकारी दी गयी एवं उद्यमियों की शंकाओं का निवारण किया गया।
कार्यक्रम में कार्यालय के श्री नीरज कुमार, सहायक निदेशक, श्री रजत कटियार, युवा पेशेवर, श्री अनिल कुमार शर्मा, अनुदेशक, आदि अधिकारीगण प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
एमएसएमई विकास कार्यालय, कानपुर सूक्ष्म एवं लघु मध्यम उद्यम मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा दो दिवसीय वेंडर डेवलपमेंट कार्यक्रम में बुंदेलखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के श्री अमित सिंह, श्री संजय पटवारी, श्री अतुल अग्रवाल, श्री समर्थ दीक्षित, सुश्री मनस्वी द्विवेदी, श्री शिवम नामदेव, सुश्री काव्या द्विवेदी सहित अन्य उद्यमी एवं चैंबर के सदस्यगण उपस्थित रहे।
उद्घाटन कार्यक्रम के समापन के उपरान्त श्री के.पी.शील, सहायक निदेशक, एमएसएमई- विकास कार्यालय, कानपुर ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
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जिला सूचना कार्यालय द्वारा प्रसारित

